एक्सप्रेसवे ढाबा विवाद : डीएम के आदेश पर दोबारा मेडिकल… एसपी ने पांच पुलिसकर्मी निलंबित किए
Tue, Dec 9, 2025
कोतवाल और चौकी इंचार्ज समेत पांच पर गिरी गाज
उन्नाव। लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे के पास शनिवार देर रात हुए ढाबा विवाद ने पूरे जिले में तनाव बढ़ा दिया है। संघ से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता और पूर्व जिला पंचायत सदस्य अवधेश कटियार के परिवार की पुलिस द्वारा कथित पिटाई के बाद मामला इतना गंभीर हो गया कि जिलाधिकारी गौरांग राठी को खुद हस्तक्षेप करना पड़ा। दूसरी ओर पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह ने जांच रिपोर्ट मिलते ही बांगरमऊ कोतवाल समेत पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया।
कैसे बढ़ा विवाद
बांगरमऊ कोतवाली क्षेत्र के ताजपुर गांव के रहने वाले अवधेश कटियार एक्सप्रेसवे टोल प्लाजा के पास ‘अवध’ नाम से ढाबा चलाते हैं। परिवार के अनुसार, शनिवार रात बांगरमऊ कोतवाल अनुराग सिंह अपनी टीम के साथ ढाबे पर पहुंचे और अवैध शराब बेचने का आरोप लगाया। तलाशी के बाद भी आरोप का कोई आधार नहीं मिला। इस पर अवधेश के बेटे मिहिर ने विरोध किया, तो पुलिसकर्मियों ने लाठियां चला दीं। शोर सुनकर पहुंचे बड़े बेटे अश्वनी, उनकी मां ममता और दो बेटियों पर भी पुलिस टीम टूट पड़ी। बीच बचाव करने आए अवधेश और उनके कर्मचारी सरोज को भी चोटें लगीं। घायल परिवार बाद तक यही कहता रहा कि वे निर्दोष हैं, लेकिन पुलिस टीम उन्हें कोतवाली ले गई और उन पर शांतिभंग जैसी धाराएं लगा दी गईं।
जिले में बढ़ी हलचल
अवधेश कटियार के संघ से जुड़े होने और स्थानीय स्तर पर उनकी सक्रिय भूमिका के कारण मामला तेजी से फैल गया। विवाद के सुर्खियों में आते ही प्रशासन हरकत में आया।
डीएम का हस्तक्षेप, मेडिकल दोबारा
प्रारंभिक मेडिकल में चोटों को हल्का दिखाने का आरोप सामने आते ही जिलाधिकारी गौरांग राठी ने तुरंत सीएमओ को नई टीम बनाकर दोबारा मेडिकल परीक्षण कराने के निर्देश दिए। तीन डॉक्टरों की टीम ने विस्तृत जांच में बड़ा खुलासा किया। रिपोर्ट में पाया गया कि अवधेश कटियार और उनकी पत्नी ममता को तीन-तीन गंभीर चोटें हैं। बेटे अश्वनी को दस और मिहिर को पांच गंभीर चोटें लगी हैं। नई रिपोर्ट ने पुलिस टीम की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए।
एसपी ने की कड़ी कार्रवाई
मामले की जांच रिपोर्ट आने के बाद पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह ने कार्रवाई में कोई देरी नहीं की। बांगरमऊ कोतवाल अनुराग सिंह, गंजमुरादाबाद चौकी इंचार्ज सतीश चंद्र द्विवेदी, कस्बा चौकी इंचार्ज अजय कुमार यादव और सिपाही दीपक सिरोही व गोविंद सिरोही को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। एसपी का यह कदम स्थानीय स्तर पर एक सख्त संदेश की तरह देखा जा रहा है।
अब निगाहें आगे की कार्रवाई पर
ढाबा संचालक परिवार पर हुए कथित अत्याचार ने पूरे क्षेत्र को बेचैन कर दिया है। उठ रहे सवाल यह हैं कि विभागीय जांच कहां तक जाएगी, क्या जिम्मेदारों पर और कार्रवाई होगी, और सबसे अहम बात कि पीड़ित परिवार को न्याय कब मिलेगा। प्रशासन और पुलिस की तेज कार्रवाई के बाद अब पूरे जिले की नजर अगले कदम पर है।
आपात सेवा को नई रफ्तार : डायल 112 को मिली 12 नई चारपहिया गाड़ियां
Mon, Dec 8, 2025
स्कॉर्पियो और इनोवा मॉडल की गाड़ियां आधुनिक तकनीक से लैस, दूरदराज के गांवों तक तेज पहुंच
उन्नाव। जिले में पुलिस की त्वरित सहायता व्यवस्था को नया दम देने के लिए सोमवार को बड़ा कदम उठाया गया। डायल 112 सेवा में 12 नई चारपहिया पीआरवी गाड़ियां जोड़ दी गईं। पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह ने स्कॉर्पियो और इनोवा मॉडल की इन गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर अलग-अलग क्षेत्रों की ओर रवाना किया। मौके पर अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी अखिलेश सिंह और अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी प्रेमचंद भी मौजूद रहे। अधिकारियों का कहना है कि नई गाड़ियों के जुड़ने से आपात स्थितियों में पुलिस की पहुंच अब और तेज होगी। पिछले कुछ महीनों में कॉल संख्या बढ़ने और ग्रामीण इलाकों के बड़े दायरे के कारण कई बार मौके तक पहुंचने में देरी हो जाती थी। पीआरवी की संख्या बढ़ने से अब हर क्षेत्र में पर्याप्त वाहन उपलब्ध रहेंगे और टीमों को त्वरित मूवमेंट में आसानी होगी।
पीआरवी का दायरा अब और बढ़ेगा
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि डायल 112 सिर्फ अपराध नियंत्रण तक सीमित नहीं है, बल्कि सड़क हादसे, घरेलू विवाद, झगड़े, मेडिकल इमरजेंसी और महिलाओं से जुड़े मामलों में सबसे पहले पहुंचने वाली इकाई है। नए वाहनों से पूरे जिले में कवरेज मजबूत होगी और दूर बसे गांवों में भी तुरंत मदद पहुंचाई जा सकेगी। इन नई गाड़ियों में जीपीएस ट्रैकिंग, आधुनिक वायरलेस सिस्टम और सुरक्षा उपकरण लगाए गए हैं। इसका फायदा यह होगा कि कंट्रोल रूम से हर वाहन की लोकेशन पर लगातार नजर रखी जा सकेगी और सबसे नजदीकी पीआरवी को तुरंत मौके पर भेजा जाएगा। इससे प्रतिक्रिया समय काफी कम होगा।
अधिकारियों की मौजूदगी में हुई औपचारिक शुरुआत
कार्यक्रम में क्षेत्राधिकारी यातायात अजय कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी कार्यालय संजय कुमार मिश्रा और प्रभारी निरीक्षक 112 सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। सभी ने नई यूनिटों को जिले की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने वाला कदम बताया।अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी अखिलेश सिंह ने कहा कि बढ़ती जरूरतों और कॉल वॉल्यूम को देखते हुए बेड़े का विस्तार जरूरी था। वहीं एएसपी दक्षिणी प्रेमचंद ने कहा कि यह कदम सीधे तौर पर जनता को राहत देगा, क्योंकि मौके पर पहुंचने का समय अब पहले की तुलना में काफी कम होगा। पुलिस विभाग का मानना है कि इन वाहनों के आने से डायल 112 की क्षमता और विश्वसनीयता दोनों बढ़ेंगी। जिले के लोग किसी भी संकट की स्थिति में तेजी से मदद मिलने की उम्मीद कर सकते हैं।
अटल हॉल निर्माण की रफ्तार बढ़ी : सदर विधायक ने किया निरीक्षण
Mon, Dec 8, 2025
प्रदीप सिंह और पवन सिंह भी रहे साथ,अफसरों से ली बिंदुवार जानकारी
उन्नाव। पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्पोर्ट्स स्टेडियम को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने की कवायद सोमवार को और आगे बढ़ी। सदर विधायक पंकज गुप्ता ने स्टेडियम परिसर का विस्तृत निरीक्षण किया। उनके साथ निरीक्षण में प्रदीप सिंह और पवन सिंह भी मौजूद रहे। सभी ने मिलकर निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता और भविष्य की जरूरतों पर अधिकारियों से जानकारी ली। विधायक अपने प्रस्ताव पर बने भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी बहुउद्देशीय हॉल में पहुंचे और फर्श, छत, लाइटिंग, साउंड सिस्टम और संरचना की मजबूती का जायजा लिया। उन्होंने निर्देश दिया कि काम की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता न किया जाए और हॉल को ऐसे रूप में तैयार किया जाए जिससे शहर में बड़े कार्यक्रम और खेल गतिविधियां सुचारू रूप से आयोजित हो सकें। निरीक्षण के दौरान स्टेडियम को आधुनिक सुविधाओं से विकसित करने की योजनाओं पर भी चर्चा हुई। पार्किंग, दर्शक दीर्घा, प्रकाश व्यवस्था, सुरक्षा और खेल उपकरणों को बेहतर बनाने के प्रस्तावों को प्राथमिकता दी गई। भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की भव्य प्रतिमा की स्थापना पर भी विशेष बैठक हुई। प्रतिमा के संभावित स्थानों को लेकर सुझाव मांगे गए ताकि आगंतुक आसानी से दर्शन कर सकें और परिसर की शोभा भी बढ़े। सभी ने इस बात पर सहमति जताई कि प्रतिमा को ऐसे स्थान पर स्थापित किया जाए जो सम्मानजनक हो और स्टेडियम की पहचान को मजबूत करे।अधिकारियों ने विधायक को कार्यों की वर्तमान स्थिति की जानकारी दी और तय समय सीमा में हॉल तथा अन्य सुविधाओं को तैयार करने का आश्वासन दिया। निरीक्षण के इस दौर ने साफ कर दिया कि आने वाले महीनों में स्टेडियम की तस्वीर बदलेगी और उन्नाव को एक बेहतर, आधुनिक और बहुउद्देशीय खेल परिसर मिलने वाला है।