दीवार तोड़कर जेवरात व सामान चोरी का आरोप : चार पर रिपोर्ट
Mon, Aug 31, 2026
मकान पर कब्जा करने का भी आरोप, विरोध पर गालीगलौज और जान से मारने की धमकी देने की शिकायत
उन्नाव। गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के सुभाषनगर में मकान की दीवार तोड़कर जेवरात और घर का सामान चोरी करने के आरोप में पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। आरोपियों में धीरज गुप्ता, उसका बेटा कृष गुप्ता, धीरज की पत्नी और नितोष गुप्ता शामिल हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। कानपुर के हरिवंश मोहाल निवासी करमेन्द्र कुमार गुप्ता ने दर्ज रिपोर्ट में बताया कि सुभाषनगर दूध मंडी के पास उनका मकान है। पिता की मृत्यु के बाद वह समय-समय पर मकान की देखरेख के लिए आते-जाते हैं। आरोप है कि उनके मकान से सटे उनकी दादी राधा रानी गुप्ता के मकान पर ताऊ स्व. अशोक कुमार गुप्ता के बेटे धीरज गुप्ता, नितोष गुप्ता, धीरज के बेटे कृष और उसकी पत्नी ने मार्च में कब्जा कर निर्माण करा लिया।
10 जुलाई को मकान पहुंचे तो टूटी मिली दीवार
करमेन्द्र के अनुसार, 10 जुलाई को सुबह करीब 11 बजे वह अपना मकान देखने पहुंचे। वहां देखा कि धीरज गुप्ता द्वारा कब्जा किए गए मकान की तरफ उनके घर की दीवार टूटी थी। आरोप है कि दीवार तोड़कर घर में रखा सामान और जेवरात चोरी कर लिए गए थे। उन्होंने आरोपियों से चोरी के बारे में जानकारी की तो विवाद हो गया। तहरीर के मुताबिक, आरोपियों ने करमेन्द्र के साथ मौजूद उनकी मां और भांजे को गालीगलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी।
थाने से एसपी तक की शिकायत
पीड़ित ने घटना के बाद गंगाघाट थाने में शिकायत की। इसके बाद 12 जुलाई को थाने में प्रार्थनापत्र, 18 जुलाई को आईजीआरएस के माध्यम से शिकायत और 21 जुलाई को पुलिस अधीक्षक को प्रार्थनापत्र दिया। रिपोर्ट दर्ज नहीं होने पर करमेन्द्र ने सीजेएम न्यायालय में धारा 173(4) बीएनएसएस के तहत प्रार्थनापत्र दिया था। इसके बाद अब मामले में गंगाघाट पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सरोसी में युवक पर हमला : लोहे की रॉड और डंडों से पीटा
Mon, Aug 31, 2026
शेखपुर नहर के पास घात लगाकर बैठे युवकों पर मारपीट का आरोप, पुलिस ने दर्ज की रिपोर्ट
उन्नाव। कोतवाली सदर क्षेत्र के सरोसी गांव निवासी युवक पर शेखपुर नहर के पास कुछ लोगों ने गाली-गलौज के बाद लोहे की रॉड और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मारपीट में युवक के सिर समेत शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सरोसी गांव निवासी संदीप सोनकर के मुताबिक, वह 30 अगस्त की शाम करीब 5:30 बजे अपने घर से उन्नाव आ रहा था। शेखपुर नहर स्थित कुंवर जितेंद्र सिंह द्वार के सामने पहले से घात लगाकर बैठे चौरा निवासी सुमित रावत, शनि यादव, छोटू और उनके एक अन्य साथी ने उसे रोक लिया। आरोप है कि आरोपियों ने संदीप के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर आरोपियों ने लोहे की रॉड और लाठी-डंडों से संदीप की पिटाई शुरू कर दी। हमले में उसके सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आईं। आसपास मौजूद लोगों के बीच-बचाव करने पर आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से चले गए। पीड़ित ने 31 अगस्त को कोतवाली सदर में तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
बहू के मानसिक रूप से परेशान होने का दावा : सास को धमकाकर झूठे मुकदमे में फंसाने का आरोप
Mon, Aug 31, 2026
सास ने बहू पर परेशान करने और धमकी देने का लगाया आरोप, पुलिस से सुरक्षा की गुहार
उन्नाव। सफीपुर थाना क्षेत्र के परियर गांव निवासी सुषमा राठौर पत्नी राजेश राठौर ने पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर अपनी छोटी बहू पर परिवार को झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने का आरोप लगाया है। महिला ने मामले में आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। प्रार्थना पत्र के मुताबिक सुषमा राठौर के दो पुत्र हैं। बड़ा पुत्र उमाकान्त अपनी पत्नी ज्योति के साथ मां की सेवा करता है, जबकि छोटा पुत्र सचिन अपनी पत्नी पिंकी के साथ अलग रहता है। बता दे कि आरोप है कि सचिन और उसकी पत्नी आए दिन आपस में विवाद करते हैं और शराब का सेवन भी करते हैं। सुषमा ने प्रार्थना पत्र में दावा किया है कि छोटी बहू पिंकी का मानसिक संतुलन ठीक नहीं रहता और उसका कानपुर के सर्वोदय नगर स्थित एक निजी केंद्र से करीब चार वर्षों से इलाज चल रहा है। महिला के मुताबिक उसने छोटे पुत्र और बहू को अलग कर परियर गांव में करीब 700 वर्गफीट का दो मंजिला मकान तथा शादी में घरेलू उपयोग का सामान और सोने के आभूषण भी दिए हैं। इसके बावजूद विवाद जारी रहने का आरोप लगाया गया है। सुषमा का आरोप है कि बहू पिंकी उसे, उसके पति, बड़े पुत्र उमाकान्त और पुत्री शालिनी को झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देती है। वहीं बड़ा पुत्र कानपुर में नौकरी करता है और उसी की आय से परिवार भरण-पोषण होता है। पीड़िता ने पुलिस से मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित कराने की मांग की है।